ओ मेरे दिल के चैन

ओ मेरे दिल के चैन
चैन आये मेरे दिल को दुआ कीजिये

अपना ही साया देख के तुम
जाने जहां शरमा गए
अभी तो ये पहली मंजिल है
तुम तो अभी से घबरा गए
मेरा क्या होगा
सोचो तो ज़रा
हाय ऐसे न आहें भरा कीजिये
ओ मेरे दिल के चैन..

आपका अरमां आपका नाम
मेरा तराना और नहीं
इन झुकती पलकों के सिवा
दिल का ठिकाना और नहीं
जचता ही नहीं
आँखों में कोई
दिल तुमको ही चाहे तो क्या कीजिये
ओ मेरे दिल के चैन..

यूँ तो अकेला भी अक्सर
गिर के संभल सकता हूँ मैं
तुम जो पकड़ लो हाथ मेरा
दुनिया बदल सकता हूँ मैं
माँगा है तुम्हें
दुनिया के लिए
अब खुद ही सनम फैसला कीजिये
ओ मेरे दिल के चैन..

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